वन मंत्री सुबोध उनियाल ने वन विभाग की समीक्षा बैठक में योजनाओं के प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन के दिए निर्देश
देहरादून, 10 जुलाई।
वन मंत्री सुबोध उनियाल ने आज राज्य वन मुख्यालय, देहरादून में वन विभाग की विभागीय योजनाओं एवं विकास कार्यों की समीक्षा बैठक की। बैठक में वन संरक्षण, मानव-वन्यजीव संघर्ष की रोकथाम, जैव विविधता संरक्षण, वनीकरण, वनाग्नि प्रबंधन तथा विभिन्न योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।
इस अवसर पर वन मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि उत्तराखंड की समृद्ध वन संपदा का संरक्षण एवं संवर्धन राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विभागीय योजनाओं का प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ आमजन को भी योजनाओं का अधिकतम लाभ मिल सके।
उन्होंने कहा कि मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाओं को कम करने के लिए संवेदनशील क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई, आधुनिक तकनीकों का उपयोग तथा स्थानीय समुदायों की सहभागिता आवश्यक है। इसके साथ ही वनीकरण एवं प्राकृतिक पुनर्वनीकरण के कार्यों को गति देने तथा वनाग्नि की रोकथाम के लिए प्रभावी रणनीति के साथ कार्य करने के निर्देश भी दिए।
वन मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण और जैव विविधता का संवर्धन केवल विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी भी है। राज्य सरकार प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण, वन्यजीवों की सुरक्षा तथा आने वाली पीढ़ियों के लिए हरित एवं समृद्ध उत्तराखंड के निर्माण हेतु निरंतर प्रतिबद्ध है।
बैठक में वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति से मंत्री को अवगत कराया तथा आगामी कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की।
